नोएडा सेक्टर 63 की चोटपुर कॉलोनी में आखिर कब रुकेगा बिजली माफियाओं का आतंक?
स्थानीय लोगों का आरोप है कि रविंद्र यादव और उसका पुत्र उपेंद्र यादव खुलेआम कहते हैं कि “पुलिस प्रशासन और बिजली विभाग हमारी जेब में है, जो मन करेगा वही करेंगे।”

आरोप है कि ₹8000-₹10000 लेकर बिना मीटर के अवैध बिजली कनेक्शन जोड़ दिए जाते हैं और फिर हर महीने ₹1500 से ₹4000 तक की अवैध वसूली की जाती है। जबरन तार जोड़कर व्यवस्था बिगाड़ी जा रही है।
लोगों का कहना है कि जो कॉलोनीवासी मिलकर बिजली व्यवस्था ठीक करते हैं, उसे भी उपेंद्र यादव द्वारा जानबूझकर खराब किया जाता है। ट्रांसफॉर्मर रिपेयर के नाम पर एक-एक ट्रांसफॉर्मर से ₹70-80 हजार तक वसूले जाते हैं।

पिछले 15 वर्षों से लगातार शिकायतों के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई। आखिर इन बिजली माफियाओं और भ्रष्ट दलालों पर कार्रवाई क्यों नहीं होती?
जब सरकार कहती है कि प्रदेश में कोई माफिया नहीं है, तो फिर चोटपुर कॉलोनी में गरीब लोगों का शोषण कौन कर रहा है?



